वॉशिंगटन । जलवायु परिवर्तन के खतरे के बीच एक खबर और परेशान कर सकती है। धरती पर कार्बन डाइ-ऑक्साइड रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है और यह स्तर मानव इतिहास में कभी नहीं देखा गया। बता दें कि कार्बन डाइ-ऑक्साइड जलवायु परिवर्तन की सबसे बड़ी वजह है और यह कई सालों तक वातावरण में मौजूद रहता है। हवाई के मौना लाओ ऑब्जर्वेटरी के मुताबिक, वातावरण में सीओ2 का स्तर 415 पार्ट्स प्रति मिलियन (पीपीएम) दर्ज किया गया है। यह जानकारी मौसम विज्ञानी और पत्रकार एरिक होलथॉस ने ट्विटर पर दी है। उन्होंने ट्वीट किया, मानव इतिहास में पहली बार हमारी धरती के वातावरण में सीओ2 415 पीपीएम से अधिक दर्ज किया गया। न सिर्फ इतिहास में, न सिर्फ 10,000 साल पहले हुए जब खेती का इजाद हुआ था, बल्कि यह लाखों साल पहले जब आधुनिक मानव की मौजूदगी थी, में पहली बार इस स्तर पर पहुंचा है। सीएनएन की रिपोर्ट के मुताबिक, सीओ2 का स्तर करीब 30 लाख साल पहले काफी अधिक था जब इसका स्तर 300-400 मिलियन पीपीएम दर्ज किया गया था, तब का वातावरण आज से 2-3 डिग्री सेल्सियस अधिक गर्म था। यह जानकारी तब सामने आई है जब संयुक्त राष्ट्र द्वारा जलवायु परिवर्तन को लेकर एक रिपोर्ट प्रकाशित की गई थी। इस रिपोर्ट के मुताबिक, पैरिस समझौते के तहत भले ही कार्बन विकिरण में कमी आ जाए, लेकिन विश्व का तापमान अगले 30 सालों में 3-5 डिग्री सेल्सियस बढ़ता रहेगा।