जबलपुर। जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय स्थित कृषि नगरवासियों के लिये राहत भरी खबर है। इस वर्ष उन्हें बरसात में बाढ़ जैसी स्थिति से नहीं गुजरना पड़ेगा क्योंकि नगर निगम द्वारा अधारताल थाने के पीछे से बहने वाले मुख्य कच्चे नाले को पक्का करने का निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। केन्ट विधायक अशोक रोहाणी ने कुलपति डॉ. प्रदीप कुमार बिसेन के साथ आज समूचे क्षेत्र का पैदल भ्रमण कर निर्माण कार्य का जायजा लिया और नगर निगम के अधिकारियों को मौके पर ही यथाशीघ्र निर्माण कार्य पूर्ण करने का निर्देश दिया। इस दौरान पार्षद प्रदीप यादव, कार्यपालन यंत्री पी.के. सिंह, जनेकृविवि कर्मचारी संघ के महासचिव रमाकान्त मिश्रा, गुल्लू दुबे, सर्वेश मिश्रा, सोन बचवानी, रामू शर्मा, अमित शुक्ला, वीरेन्द्र पटेल, नितिन आनंद, विजय शंकर शुक्ला, राजू चौरसिया, दिवान सिंह राजपूत, दीपक पटेल एवं बब्लू बैरागी आदि मौजूद थे।
उल्लेखनीय है कि नाले का गंदा पानी कृषि नगर परिसर के रिहायशी क्षेत्र के घरों में घुस जाने से अनेक बीमारियां और समस्याएं उत्पन्न हो जाती हैं। लगभग पांच वार्डो का गंदा पानी पूर्व में जो अधारताल थाने के सामने से होकर उर्दना नाले में मिलता था वह गंदगी थाने के पीछे के अतिक्रमणों के कारण कृषि नगर आवासीय परिसर से होकर उर्दना नाले में 
मिलती है। फलस्वरूप कृषि वैज्ञानिकों के आवासीय परिसर से यह नाला बह रहा है। वर्षाकाल में इस नाले के जलप्लावन से अन्तर्राष्ट्रीय स्तर की इस शैक्षणिक संस्था की कालोनी में भयावह गंदगी युक्त पानी बहता रहता है, जो जबलपुर की स्वच्छता के प्रतिकूल और स्वच्छ भारत अभियान को असफल कर रहा है। गतवर्ष कृषि नगरवासियों ने श्री रोहाणी के समक्ष यह समस्या रखी थी जिसके परिणाम स्वरूप यह निर्माण कार्य आरम्भ हो सका है।