इन्दौर । संभागायुक्त आकाश त्रिपाठी की अध्यक्षता में आज संभागायुक्त कार्यालय सभाकक्ष में कलेक्टर्स कांफ्रेंस का आयोजन किया गया। इस अवसर संभागायुक्त त्रिपाठी ने इंदौर संभाग के समस्त कलेक्टर्स और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन  अधिकारी तथा विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिये कि शासन कल्याणकारी योजनाओं में शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करें। योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी तरह की कोताही बर्दास्त नहीं की जायेगी। लोकसेवा गारंटी, आर.सी.एम.एस और सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों में विलम्ब करने वाले अधिकारी कर्मचारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाये।
पुलिस विभाग की समीक्षा करते हुये उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति और जनजाति अत्याचार मामले में पीड़ितों तत्काल आर्थिक सहायता दी जाये। उन्हें शीघ्रातीशीघ्र जाति प्रमाण पत्र दिया जाये। संभाग में अनुसूचित जाति और जनजाति के 78 प्रकरण विभिन्न न्यायालय में लम्बित हैं। बैठक में बाढ़ नियंत्रण के संबंध में भी बिन्दुवार समीक्षा की गई। उन्होंने ने कहा की बरसात में बांध का पानी छोड़ते समय इसकी सूचना संबंधित को दी जाये तथा संबंधित अधिकारियों का व्हाट्सएप ग्रुप संधारित किया जाये, जिससे सबको सूचना मिल जाये और बाढ़ में जनहानि न हो।
उन्होंने कहा  की कलेक्टर और कृषि अधिकारी किसानों आगामी खरीफ मौसम में खाद्य और बीज पर्याप्त मात्र में उपलब्ध करायें। जिन किसानों का ऋण माफ हो गया है। उन्हे सहकारी बैंकों और राष्ट्रीकृत बैंकों से पुन: ऋण दिलवायें। बैठक गेहूँ उपार्जन, चना उपार्जन और प्याज उपार्जन की भी समीक्षा की गई।
राजस्व विभाग की समीक्षा के दौरान उन्होंने कहा कि कलेक्टर्स आगामी 30 जून तक अपने जिले में नामांतरण, बटवारा, सीमांकन, डायवर्शन, नजूल आदि के प्रकरण निराकृत करें न्यायालीन प्रकरणों का भी समय-सीमा में निराकरण किया जाये। जिले में एसडीएम और एडीएम की जिम्मेदारी तय की जाये। लम्बित राजस्व प्रकरण में  सिटीजन चार्टर का पालन किया जाये रेवन्यू केसेस मैनेजमेन्ट सिस्टम के तहत नामांतरण, बटवारा, सीमांकन  और जाति प्रमाण-पत्र का काम समय-सीमा में पूरा करें। सीमांकन का कार्य इलेक्ट्रिकल टोटल मशीन से तत्काल किया जाये। राजस्व वसूली में तेजी लायी जाये। अर्थदण्ड डायवर्शन, पंचायत उपकर और नजूल वसूली में तेजी लायी जाये। संभाग में लोकसेवा गारंटी अधिनियम का कड़ाई पालन किया जाये। और काम में विलम्ब करने वाले अधिकारियों पर अर्थदण्ड लगाया जाये। सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों का त्वरित निराकरण किया जाये।
प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा करते हुये उन्होंने कहा कि इंदौर संभाग में प्रधानमंत्री आवास योजना का वित्त वर्ष 2018-19 में 95 प्रतिशत लक्ष्य पूरा हो गया है। इंदौर संभाग में अभी 61 हजार 598 आवास बन चुके हैं।  उन्होंने सभी सीईओ जिला पंचायत को शेष आवास भी पूरा करने के निर्देश दिये।
:: शत प्रतिशत संस्थागत प्रसव कराने के निर्देश :: 
संभागायुक्त त्रिपाठी ने कहा की इंदौर संभाग में जच्चा-बच्चा की सुरक्षा के लिये शत-प्रतिशत संस्थागत प्रसव जरूरी है। उन्होंने कहा कि पोषण पुनर्वास केन्द्रों में सभी सीटें भरी होना चाहिये। जिला अस्पतालों में पर्याप्त दवा उपलब्ध होना चाहिये। चिकित्सालयों में चिकित्सक और पैरा मेडिकल स्टॉफ के पद शीघ्र भरे जाये। अस्पतालों में जीवन रक्षक दवायें और उपकरण होना जरूरी है। अभियान चलाकर अस्पताल में चिकित्सीय उपकरण खरीदे जाये। काम न करने वाले कर्मचारी अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाये संभाग में दस्तक अभियान के तहत 5 वर्ष से कम उम्र के बच्चों का टीकाकरण किया जाये। दस जून से 20 जून तक यह अभियान चलेगा।
:: नर्मदा घाटी विकास परियोजना की समीक्षा :: 
बैठक के दौरान नर्मदा घाटी की समीक्षा के दौरान जानकारी देते  हुये एनवीडीए आयुक्त पवन कुमार शर्मा ने बताया कि सरदार सरोवर बांध परियोजना से धार, बड़वानी, अलीराजपुर के 76 ग्रामों 6 हजार परिवार डूब में आयेंगे। बांध में 15 अक्टूबर,2019 तक 138.68 मीटर तक पानी भरने की संभावना है। विस्थापितों को भू-खंड दे दिये गये हैं। मकान बनाने के लिये पहली किस्त के लिये 5 लाख 80 हजार रूपये दे दिये गये है। पुराना मकान तोड़ने के बाद और नया मकान छत तक बनाने के बाद दूसरी किस्त के रूप में विस्थापितों को 80 हजार रूपये दिये जायेंगे।
शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान संभागायुक्त त्रिपाठी ने कहा कि संभाग में शिक्षा के अधिकार का प्रभावी क्रियान्वयन किया जाये। जिलों में उत्कृष्ट विद्यालयों की स्थापना की जाये। इन विद्यालयों में भवन और प्रशिक्षित स्टॉफ होना जरूरी है। बैठक में मुख्यमंत्री  युवा स्वाभिमान योजना की भी समीक्षा की गई। बैठक में एडीजीपी वरूण कपूर, संभाग के कलेक्टर और अपर कलेक्टर इंदौर दिनेश जैन संभाग के सभी जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकरी एवं संभागीय विभागीय अधिकारी मौजूद थे।