कन्हैया कुमार सीएए, एनआरसी और एनपीआर के विरोध में पूरे बिहार में जन गण मन यात्रा निकाल रहे हैं। यह यात्रा 30 जनवरी से शुरू हुई और यह 29 फरवरी को पटना में विशाल रैली के साथ खत्म होनी है, लेकिन कन्हैया जिस भी जिले में जा रहे उन्हें विरोध प्रदर्शनों का सामना करना पड़ रहा है। शायद ही कोई ऐसा जिला बचा हो जहां कन्हैया के काफिले को विरोधियों ने निशाना नहीं बनाया हो। बक्सर में जनसभा को संबोधित करने के बाद कन्हैया आज दोपहर आरा पहुंचने वाले हैं, लेकिन उनके आरा पहुंचने से पहले ही विरोधियों ने आरा में मंच को आग लगा दी। कन्हैया ने ट्वीट कर आरोप लगाया है कि विरोधियों ने उनके कार्यक्रम के मंच को आग लगा दी। आग लगाने की जानकारी देते हुए कन्हैया कुमार ने कहा कि वो इसके बावजूद भी आरा जाएंगे और जनसभा को संबोधित करेंगे। 

कन्हैया ने ट्वीट कर कहा, 'आज जन-गण-मन यात्रा का क़ाफ़िला बक्सर में सभा करने के बाद आरा पंहुचेगा। गोडसे-प्रेमियों ने आरा में होने वाली सभा के मंच मे कल रात आग लगा दी है लेकिन हम तो जाएंगे मोहब्बत का कारवां लेकर और लगाएंगे नफरत से आज़ादी के नारे। इंकलाब मंच का मोहताज नही होता दोस्तों।'

बता दें कि कन्हैया के काफिले पर कई बार हमले हो चुके हैं। कन्हैया की इस यात्रा के संयोजकों के अनुसार अभी तक सात बार काफिले पर हमला हो चुका है, अगर इस हमले को भी शामिल कर लिया जाए तो यह आठवीं बार है जब कन्हैया या उनके मंच के साथ तोड़फोड़ की गई है। 

इससे पहले कन्हैया कुमार के काफिले पर मंगलवार को बिहार के गया में हमला हुआ था। हमले के दौरान काफिले में शामिल कांग्रेस के एक नेता की कार को भी नुकसान पहुंचा था।

हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा के प्रमुख व पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी, कांग्रेस विधायक शकील अहमद खान और अवधेश कुमार सिंह ने भी गया जिले के शेरघाटी में आयोजित जनसभा को संबोधित किया। सभास्थल पर पहुंचने से पहले ही रास्ते में बाइक सवार कुछ लोगों ने काफिले पर पत्थर फेंके। इसमें अवधेश कुमार सिंह की कार का शीशा टूट गया था।